स्थानीयों में आक्रोश, पुलिस जांच जारी
मुंबई के चेंबूर स्थित वाशी नाका के काली माता मंदिर में एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। रविवार, 23 नवंबर को मंदिर पहुंचे श्रद्धालु तब दंग रह गए जब उन्होंने गर्भगृह में देवी काली की मूर्ति को मदर मैरी के स्वरूप में सजा हुआ पाया। असामान्य श्रृंगार को देखकर मंदिर परिसर में तनाव का माहौल बन गया।
स्थानीय भक्तों ने बताया कि मंदिर में प्रवेश करते ही उन्हें मूर्ति की सजावट में असामान्यता दिखी। नाराज भक्तों ने जब पुजारी से कारण पूछा तो पुजारी रमेश ने दावा किया कि उन्हें माता ने सपने में दर्शन देकर मूर्ति को मदर मैरी के रूप में सजाने का निर्देश दिया था।
भक्तों में उबाल, पुलिस में शिकायत
मूर्ति के बदले हुए स्वरूप को देखकर स्थानीय नागरिक और कई हिंदू संगठन भड़क उठे। लोगों ने इस कृत्य को धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला और सामाजिक सद्भाव के लिए खतरा बताया। इसके बाद आक्रोशित लोगों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के बाद मुंबई आरसीएफ पुलिस ने मामले में हस्तक्षेप किया और पुजारी रमेश को बीएनएस एक्ट की धारा 299 के तहत गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और यह भी देखा जा रहा है कि क्या इस घटना से किसी प्रकार की धार्मिक या सामाजिक अशांति फैल सकती है।
धार्मिक प्रतीकों की पवित्रता पर सवाल
इस घटना ने धार्मिक स्थलों और प्रतीकों की संवेदनशीलता को लेकर फिर से बहस छेड़ दी है। मंदिर और मूर्तियों का पारंपरिक स्वरूप श्रद्धालुओं की आस्था से गहराई से जुड़ा होता है। किसी भी प्रकार का परिवर्तन अक्सर विवाद और असंतोष को जन्म दे सकता है।
पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है और स्थानीय समुदाय से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।
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